ईमानदार ट्रैफिक जवानों ने लौटाया ऑटो में गिरी महिला का पर्स
मोबाइल और जरूरी दस्तावेज मिलने पर भावुक हुई सवारी, पुलिस पर बढ़ा भरोसा
रायपुर@ अगर नीयत साफ हो तो वर्दी सिर्फ कानून का प्रतीक नहीं, बल्कि मानवता और भरोसे की पहचान भी बन सकती है। जहां लोग अक्सर गुम हुई चीजों के वापस मिलने की उम्मीद छोड़ देते हैं, वहीं रायपुर ट्रैफिक पुलिस के दो जवानों ने ईमानदारी और संवेदनशीलता की मिसाल पेश की। घटना 1 अगस्त को शांति नगर चौक, एक्सप्रेस-वे ब्रिज के नीचे की है, जहां ड्यूटी पर तैनात आरक्षक सदानंद पटेल और जयंत वर्मा ने सड़क पर एक महिला यात्री का गिरा हुआ पर्स पाया।
पर्स में मोबाइल फोन और कई महत्वपूर्ण दस्तावेज थे। दोनों ट्रैफिक जवानों ने न सिर्फ सतर्कता दिखाई, बल्कि उसमें मिले पहचान पत्रों की मदद से संबंधित महिला से संपर्क कर उसे सूचना दी और चौक पर बुलाकर पूरी तसल्ली के साथ पर्स वापस किया। अपना पर्स और मोबाइल सही-सलामत वापस मिलने पर महिला भावुक हो गई। उसने जवानों का आभार जताते हुए कहा कि आज के समय में इस तरह की ईमानदारी बहुत कम देखने को मिलती है।
यह छोटा-सा लेकिन महत्वपूर्ण कार्य न सिर्फ पुलिस की सकारात्मक छवि को मजबूत करता है, बल्कि समाज में नैतिकता और भरोसे को भी पुनः स्थापित करता है। इस ईमानदार और कर्तव्यनिष्ठ कार्य की जानकारी मिलते ही एसएसपी डॉ. उमेद सिंह और एएसपी ट्रैफिक डॉ. प्रशांत शुक्ला ने दोनों आरक्षकों की खुले मन से सराहना की और उन्हें अन्य जवानों के लिए प्रेरणास्त्रोत बताया।

