छुरिया क्षेत्र में बीमा घोटाला – चना फसल के नाम पर करोड़ों की हेराफेरी का पर्दाफाश!

Sep 18, 2025 - 19:39
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छुरिया क्षेत्र में बीमा घोटाला – चना फसल के नाम पर करोड़ों की हेराफेरी का पर्दाफाश!
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अकील मेमन

छुरिया/राजनांदगांव।
खुज्जी विधानसभा क्षेत्र इन दिनों एक बार फिर बड़े घोटाले की खबरों से सुर्खियों में है। क्षेत्र के जागरूक नागरिकों और सूत्रों के अनुसार, बीमा कंपनी एवं कृषि विभाग के कुछ अधिकारी-कर्मचारियों ने मिलीभगत कर किसानों के हक पर डाका डालते हुए लाखों रुपये की फर्जी बीमा भुगतान की साज़िश रची है।

फर्जीवाड़े का तरीका – केला की खेती, लेकिन बीमा में ‘चना’!

सूत्रों का दावा है कि छुरिया ब्लॉक के ग्राम आमगांव छु समेत कई गांवों में बड़े किसानों की ज़मीन पर वास्तविकता में केला की खेती हो रही है, लेकिन कागजों में चना फसल दिखाकर बीमा कंपनियों से मोटी रकम हड़प ली गई।

आश्चर्यजनक तथ्य यह है कि इन फर्जी प्रकरणों में कई किसानों के नाम का बिना उनकी सहमति के उपयोग किया गया।

बीमा प्रावधानों के मुताबिक यदि किसी और की ज़मीन पर फसल ली जाती है तो भूमि स्वामी की लिखित सहमति अनिवार्य होती है। मगर यहां कृषि विभाग के कर्मचारियों व बीमा कंपनी के दलालों ने नियम-कायदों को ताक पर रख दिया।

एक युवक के खाते में 14 लाख रुपये!

खुटा छुरिया गांव के एक युवक के खाते में बीमा कंपनी की ओर से अचानक करीब 14 लाख रुपये जमा होने की खबर ने पूरे इलाके को हिला दिया है। आरोप है कि इस रकम को पाने के लिए कृषि विभाग के फील्ड स्टाफ (आरईओ) और बीमा कंपनी के कुछ अधिकारियों ने फर्जी कागजात तैयार किए और दूसरों की ज़मीन पर चना बोवाई दिखा दी।

गाँव-गाँव फैला है घोटाले का जाल

यह सिर्फ एक गांव तक सीमित नहीं है। चारभाठा, मरकाकसा, पैरीकटेगांव, नादिया खुर्द, खोभा, हालेकोसा जैसे गांवों में भी इसी तरह के फर्जी बीमा प्रकरण सामने आ रहे हैं।
कथित तौर पर कृषि विभाग और बीमा कंपनी के कर्मचारियों ने गरीब और अनजान किसानों के नाम का इस्तेमाल कर लाखों रुपये का बीमा भुगतान करा लिया और उसका बंदरबांट कर लिया।

राजनीतिक संरक्षण का आरोप

स्थानीय लोगों का कहना है कि यह घोटाला संभव ही नहीं होता अगर भ्रष्ट कर्मचारियों को कुछ प्रभावशाली नेताओं का संरक्षण प्राप्त न होता।

पूर्व में भी कांग्रेस सरकार के समय छुरिया क्षेत्र में करीब 100 एकड़ ज़मीन पर बिना चना बोवाई किए बीमा भुगतान का मामला सामने आया था।

तब भी सत्ता के दबाव में मामले को दबा दिया गया था। अब वही खेल दोबारा नए अंदाज़ में सामने आ रहा है।


पूर्व विधायक छन्नी साहू की बड़ी मांग

खुज्जी विधानसभा की पूर्व विधायक छन्नी साहू ने इस पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच की मांग उठाई है।
उन्होंने कहा –

“किसानों की ज़मीन पर उनकी सहमति के बिना फर्जी प्रकरण कैसे तैयार कर दिया गया?”

“जिनके नाम पर बीमा का पैसा गया, क्या वास्तव में उन्होंने चना बोया था?”

“केला की खेती करने वाले बड़े किसानों के खेतों पर चना दिखाकर बीमा भुगतान कैसे हुआ?”

पूर्व विधायक ने इस मुद्दे पर प्रेस कॉन्फ्रेंस करने और किसानों के हक की लड़ाई को आगे बढ़ाने की बात कही है।

जनता में आक्रोश – कब होगी कार्रवाई?

ग्रामीणों का कहना है कि यह मामला सीधे-सीधे गरीब किसानों की मेहनत और अधिकारों पर डाका है।

जहां छोटे किसान बीमे के नाम पर धक्के खा रहे हैं, वहीं रसूखदार लोग और कर्मचारी-नेता की सांठगांठ से लाखों का चूना सरकार को लगाया जा रहा है।

अब जनता खुलकर सवाल कर रही है कि आखिर कब तक ऐसे फर्जीवाड़े पर पर्दा डाला जाएगा और कब तक जिम्मेदारों को नेताओं का संरक्षण मिलता रहेगा?

छुरिया क्षेत्र का यह बीमा घोटाला अब सिर्फ गांव-गांव की चर्चा नहीं बल्कि प्रदेशस्तर का मुद्दा बन चुका है। यदि प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई नहीं की तो यह मामला बड़े राजनीतिक भूचाल का कारण बन सकता है।

काग्रेंस नेता महामंत्री चुम्मन साहू खुज्जी विधानसभा
वर्मान सरकार मे भ्रष्टाचार चरम सीमा पर है फर्जी चना बीमा घोटाले पर जांच कर दोषीयो के खिलाफ कार्यवाही की जानी चाहिए 
छुरिया जनपद अध्यक्ष एंव भाजपा नेता संजय सिन्हा 
छुरिया ब्लाक के अन्तर्गत आमगांव छु  क्षेत्र अनेक गांव मे फर्जी चना बीमा राशि लेने का मामला सामने आया है इसका उच्च स्तरीय जांच होगा दोषी व्यक्तियो को बख्शा नही आएगा उन पर कड़ी से कड़ी कार्यवाही कराया जाएगा
कृषि विकास अधिकारी छुरिया
से फर्जी चना बीमा मे जांच व कार्यवाही के। सबंध मे जानकारी लेने उन्हें काल किया गया वे काल रिसीव नही किए

Bhaskardoot Digital Desk www.bhaskardoot.com