कोर्ट में वकील पर ताना चाकू, सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
चेकिंग के अभाव में अपराधी धारदार हथियार लेकर पहुंच रहे न्याय परिसर, बड़ी घटना होते-होते टली
रायपुर @ जिला न्यायालय परिसर में गुरुवार दोपहर एक चौंकाने वाली घटना सामने आई। खुलेआम अपराधियों ने एक वकील के ऊपर चाकू तान दिया। गनीमत रही कि मौके पर मौजूद लोगों की सूझबूझ से जानलेवा हमला टल गया, लेकिन इस घटना ने न्यायालय की सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है। जिला न्यायालय में एक वकील के साथ जो हुआ, उसने पूरे अधिवक्ता समुदाय को झकझोर दिया। घटना के अनुसार, कुछ आपराधिक प्रवृत्ति के लोग न्यायालय परिसर में पहुंचे और एक वकील के ऊपर चाकू तान दिया। इस दौरान वहां मौजूद लोग हैरान रह गए, लेकिन तुरंत हस्तक्षेप कर स्थिति को संभाला गया।
बार संघ के अध्यक्ष हितेंद्र तिवारी ने इस घटना पर गंभीर चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि यह पहली बार नहीं है जब अपराधी धारदार हथियार लेकर कोर्ट परिसर में घुसे हों। चेकिंग और सुरक्षा व्यवस्था के नाम पर सिर्फ औपचारिकता निभाई जाती है, जिसके चलते अपराधी बिना डर-भय के चाकू, छुरी जैसे खतरनाक हथियार लेकर अंदर प्रवेश कर जाते हैं।
अध्यक्ष तिवारी ने बताया कि न्यायालय परिसर में हर दिन सैकड़ों लोग आते हैं—जिनमें अभियुक्त, गवाह, पक्षकार और आम नागरिक शामिल होते हैं। ऐसे में यदि सुरक्षा जांच पुख्ता न हो, तो किसी भी दिन बड़ी वारदात हो सकती है। आज की घटना ने यह साफ कर दिया है कि सुरक्षा में भारी चूक हो रही है।
घटना के बाद वकीलों ने नाराजगी जताते हुए सुरक्षा बढ़ाने की मांग की है। उनका कहना है कि न्यायालय जैसे संवेदनशील स्थान पर मेटल डिटेक्टर, बैग चेकिंग और प्रवेश द्वार पर पुलिस बल की सख्त मौजूदगी अनिवार्य है। बिना जांच के किसी को भी प्रवेश न दिया जाए, वरना किसी दिन यह लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है। आज की इस घटना ने न केवल वकीलों बल्कि पूरे न्यायिक तंत्र को चेतावनी दे दी है कि यदि समय रहते सुरक्षा को लेकर ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो अगली बार कोई बड़ी अनहोनी टाली नहीं जा सकेगी।

