खरीफ सीजन की बुवाई में 4.1% की बढ़ोतरी
बेहतर मानसून और जलाशयों में पानी से फसल उत्पादन में उम्मीदें बढ़ीं
इस साल खरीफ सीजन की शुरुआत उम्मीद से बेहतर रही है। पिछले साल की तुलना में इस बार 4.1% अधिक क्षेत्र में खरीफ की बुवाई हुई है। चावल, मोटे अनाज और दालों की बुवाई में उछाल देखा गया है। बेहतर मानसून, समय पर बारिश और जलाशयों में पर्याप्त पानी इसका मुख्य कारण है।
कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि यदि यह रफ्तार जारी रही, तो इस बार उत्पादन अच्छा होगा और बाजार में अनाज की पर्याप्त आपूर्ति होगी। इससे खाद्य मुद्रास्फीति पर भी नियंत्रण रहेगा। सरकार किसानों को उर्वरक, बीज और ऋण उपलब्ध कराने में सक्रिय है।
ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर इसका सकारात्मक असर पड़ेगा क्योंकि अच्छी फसल का मतलब है बढ़ी हुई आय और ग्रामीण खपत में इजाफा। आने वाले महीनों में इसका सीधा फायदा पूरे कृषि बाजार को मिलेगा।

