कंपनियों और लोगों ने भर दिया सरकार का खजाना, डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन 15% उछला
इकॉनमी के मोर्चे पर अच्छी खबर है. चालू वित्त वर्ष सरकारी खजाने के लिए बेहतर साबित हो रहा है. सरकार की टैक्स से आय लगातार बढ़ रही है. देश का नेट डायरेक
The data is available on the national website of Income Tax Department at the following link:https://t.co/B7lJ1c1yGP@nsitharamanoffc@officeofPCM@FinMinIndia@PIB_India — Income Tax India (@IncomeTaxIndia) February 11, 2025 क्या होते हैं डायरेक्ट और इनडायरेक्ट टैक्स मोटे अर्थों में टैक्स 2 कैटेगरी में बांटा जाता है. डायरेक्ट टैक्स और इनडायरेक्ट टैक्स. डायरेक्ट टैक्स वो है, जो सीधे लिया जाता है. इनकम टैक्स, शेयर या दूसरी प्रॉपर्टी की आय पर लगने वाले टैक्स, कॉर्पोरेट टैक्स, विरासत में मिली संपत्ति पर टैक्स इसी कैटेगरी में आते हैं. इनडायरेक्ट टैक्स सीधे-सीधे तो आम आदमी से नहीं लिया जाता लेकिन किसी न किसी तरह से ये आम आदमी को ही देना होता है. मिसाल के तौर पर एक्साइज टैक्स, जीएसटी, कस्टम टैक्स. ये टैक्स सीधे तो नहीं जाता है लेकिन किसी तरह की सर्विस या खरीदी पर ये टैक्स देना होता है.

