जांजगीर-चांपा: पामगढ़ विधायक के वायरल ऑडियो से सियासत तेज, बीजेपी कर रही है जांच की मांग.
जांजगीर-चांपा के पामगढ़ क्षेत्र से कांग्रेस विधायक शेष राज हरवंश के कथित ऑडियो वायरल होने से छत्तीसगढ़ की सियासत गरमा गई है। ऑडियो में अवैध रेत कारोबार को संरक्षण देने और लेनदेन की बात सामने आई है। विधायक ने इसे साजिश बताया है, जबकि भाजपा जांच की मांग कर रही है।
छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में रेत माफिया की सक्रियता को लेकर एक बड़ा राजनीतिक विवाद सामने आया है। पामगढ़ से कांग्रेस विधायक शेष राज हरवंश के छह कथित ऑडियो क्लिप सोशल मीडिया पर वायरल हुए हैं, जिनमें उन्हें अवैध रेत कारोबार से जुड़े लेनदेन की बात करते हुए सुना जा सकता है। ऑडियो में विधायक कथित तौर पर कलेक्टर, एसडीएम, राघवेन्द्र सिंह और खुद के लिए कुल 10 लाख रुपये मांगते हुए सुने जा रहे हैं।
वायरल ऑडियो में यह भी चर्चा है कि अवैध रेत खनन करने वाले लोग विधायक से पुलिस या प्रशासन से बचाव के लिए संरक्षण मांग रहे हैं। एक क्लिप में पकड़े जाने पर छुड़वाने के लिए पैसे की बात की जा रही है।
विधायक शेष राज हरवंश ने इन ऑडियो को फर्जी बताते हुए कहा है कि उन्हें बदनाम करने के लिए कांग्रेस और भाजपा के कुछ नेताओं ने मिलकर साजिश रची है। उन्होंने इसे महिला विधायक के चरित्र हनन की कोशिश बताया है।
वहीं, इस मुद्दे पर सियासत भी गरमा गई है। भाजपा के वरिष्ठ विधायक अजय चंद्राकर ने कांग्रेस पर पलटवार करते हुए कहा कि जब विधायक स्पष्टीकरण दे रहीं थीं, तो कांग्रेस का कोई नेता उनके साथ नहीं था। उन्होंने भाजपा या प्रशासन पर कोई आरोप नहीं लगाए, बल्कि अपनी ही पार्टी के लोगों पर उंगली उठाई है। उन्होंने मांग की है कि वायरल ऑडियो की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।

